Desi Threesome Sex Kahani
ये कहानी मेरी, मेरी मामी और मेरी चाची की है। एक बार मेरे सारे घरवाले कहीं बाहर जा रहे थे और मुझे रुकना पड़ा था क्योंकि मेरे 12वीं के बोर्ड्स थे। मेरे ध्यान रखने के लिए चाची को बुला लिया गया और मेरी मामी तो मेरे घर के पास ही रहती थीं। जब भी वो घर पर आती थीं, मैं किसी न किसी बहाने से उनके पास ही बैठा रहता था। बार-बार उन्हें कहीं न कहीं हाथ लगाता रहता था। Desi Threesome Sex Kahani
मैं जानता था कि वो भी मुझे इम्प्रेस्ड हैं। लेकिन डर लगता था कुछ कहते हुए कि कहीं चाची गुस्से न हो जाएँ, इसलिए कभी कुछ कहा नहीं। अब चाची और मैं घर में अकेले थे। अच्छा मौका था। मैं सुबह 8 बजे उठा। अभी मेरी 4 दिन की छुट्टी थी, फिर मेरा एग्जाम था। 8 बजे उठकर मैं किचन में गया तो चाची ब्रेकफास्ट बना रही थीं। पीछे से मैंने चाची को देखा तो उनकी मोटी गांड देखता ही रह गया।
चाची घूमीं और बोलीं, “क्या देख रहा है?”
मैंने बोला, “कुछ नहीं।”
चाची बोलीं, “जा नहा के आ, ब्रेकफास्ट बन गया है।”
मैं बाथरूम में गया और चाची के बारे में सोचकर मुठ मारने लगा। फिर मैं जल्दी-जल्दी नहाकर बाहर आया। फिर चाची और मैंने ब्रेकफास्ट किया। कई बार जब चाची झुकती थीं तो चाची के मोटे-मोटे बूब्स बाहर आने को तैयार हो जाते थे। मैं बार-बार मौका ढूंढता था कि चाची झुकें और मैं उनके बूब्स देखूं।
मैं बैठा टीवी देख रहा था। चाची भी आकर मेरे सामने सोफे पर बैठ गईं। मेरी नजर टीवी पर कम और चाची पर ज्यादा थी। चाची ने रिमोट मांगा तो मैंने जान-बूझकर रिमोट नीचे फेंक दिया। चाची रिमोट उठाने के लिए झुकीं तो मैंने फिर उनके बूब्स देखे। अब मुझसे कंट्रोल नहीं हो रहा था।
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थोड़ी देर बाद फिर रिमोट नीचे गिरा, फिर मैंने उनके बूब्स देखे। अब मैं समझ गया था कि चाची जान-बूझकर रिमोट नीचे गिरा रही हैं। मेरा लंड खड़ा हो गया था। मैंने किसी तरह कंट्रोल किया। अब मुझे चाची की नजरें भी कुछ बदली-बदली लग रही थीं। चाची बोलीं, “आजा यहाँ मेरे पास, तुझसे कुछ बात करनी है।”
मैं जल्दी से खड़ा हुआ और चाची के साथ सोफे पर बैठ गया। मेरा लंड अभी भी खड़ा हुआ था और वो साफ मेरे लोअर्स में से नजर आ रहा था। चाची मुझसे मेरे स्कूल के बारे में पूछने लगीं। और उन्होंने पूछा कि मामी कब आएँगी। मैंने कहा, “शाम को चार बजे।”
अभी 3 ही बजे थे। उनका हाथ धीरे-धीरे मेरे लंड की तरफ बढ़ रहा था। उन्होंने हाथ मेरे लंड के पास रख दिया। वो मेरे बिल्कुल पास आ गई थीं और मुझे उनके पूरे बूब्स दिख रहे थे। अब मुझसे कंट्रोल नहीं हो रहा था। अब चाची का हाथ भी मेरे लंड पर था। चाची मेरे लंड को दबा रही थीं। ये कहानी आप हमारी वासना डॉट नेट पर पढ़ रहे है.
अब चाची मेरे होंठों पर स्मूच देने लगीं। मेरा हाथ उनके बूब्स पर पहुँच चुका था। मैं बूब्स जोर-जोर से दबा रहा था। अब मैं और चाची पूरी तरह से गर्म हो चुके थे। चाची सोफे से उठीं और मुझे हाथ से पकड़कर बेडरूम में ले गईं। वहाँ जाकर उन्होंने अपने कपड़े उतारे।
मैं भी अपने कपड़े उतारने लगा। अब चाची बिल्कुल नंगी थीं और मैं भी। चाची ने मुझे बेड पर धक्का दिया और मेरे लंड पर कूद गईं। चाची मेरा लंड हाथ में लेकर ऐसे चूसने लगीं मानो पहली बार लंड देखा हो। चाची बिल्कुल गर्म थीं। चाची अचानक उठकर गईं और लाइट बंद कर आईं।
अब चाची के आते ही मैंने चाची को बेड पर बिठाया और उनके मोटे-मोटे बूब्स चूसने लगा। कई देर बाद चाची ने मुझे बेड पर सीधा लिटाया और मेरे लंड पर चढ़ गईं और कूदने लगीं। अचानक ही लाइट जल गई। चाची और मैं हैरान रह गए। चाची मेरे लंड से उतरीं तो देखा कि मामी ब्रा और पैंटी में खड़ी थीं और उनका एक हाथ अपनी पैंटी के अंदर था। मैं ये देखकर हैरान रह गया।
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मामी बोलीं, “बहुत देर हो गई थी तुम्हें देखते हुए, बस अब कंट्रोल नहीं हो रहा था। बड़े दिनों बाद मौका मिला है।”
ये कहकर वो भी बेड पर आ गईं। मैंने मन में सोचा कि आज तो मौज हो गई। मामी ने बोला, “वाह तेरा लंड तो बहुत बड़ा है।” और ये बोलकर उन्होंने उसे हाथ में ले लिया और हिलाने लगीं। चाची बोलीं, “पूनम इसे हिला क्या रही है, मुँह में ले देख क्या मजा आता है।”
मामी ने मेरा लंड मुँह में ले लिया और उसे चूसने लगीं। चाची ने मुझे बोला, “तू उसे क्या देख रहा है, मुझे देख, मेरे बूब्स को चूस। अब जब तक सारे आ नहीं जाते तब तक तूने हम दोनों को सारा-सारा दिन चोदना है, समझा।” मैंने चाची के दोनों बूब्स को पकड़ा और उन्हें चूसने लगा।
चाची अपने एक हाथ से मामी की चूत सहला रही थीं। थोड़ी देर बाद मामी ने मेरे लंड पर से मुँह हटाया तो बोलीं, “अनिता, चुदे हुए काफी टाइम हो गया है।” चाची बोलीं, “लंड तेरे सामने है और तू कैसी बातें करती है, चल इसे चुद।” मामी बेड पर लेट गईं। मैं मामी के ऊपर लेट गया और उनकी चूत में लंड घुसा दिया और झटके मारने लगा।
मामी को बड़ा मजा आ रहा था। लेकिन चाची भी चुदने के लिए बेकरार थीं। चाची मामी के साथ लेट गईं और मामी के बूब्स पर अपनी जीभ फेरने लगीं। मैंने थोड़ी देर बाद मामी की चूत में से लंड निकालकर साथ में ही लेटी चाची के मुँह में दे दिया। चाची ने उसे चूसा फिर बोलीं, “चल अब मेरी बारी, मुझे भी चोद।”
मैंने फिर अपना लंड चाची की चूत में डाला और चोदने लगा। थोड़ी देर बाद चाची की चूत में ही मेरा पानी निकल गया। मैं ठंडा हो गया था लेकिन अभी चाची और मामी की प्यास नहीं बुझी थी। फिर मामी और चाची मुझे बाथरूम में ले गईं और वहाँ जाकर शावर ऑन कर दिया। ये कहानी आप हमारी वासना डॉट नेट पर पढ़ रहे है.
मैं फिर मामी के बूब्स चूसने लगा और चाची घुटनों के बल बैठकर मेरा लंड चूसने लगी। थोड़ी देर बाद मैंने फिर दोनों को चोदा। फिर हम तीनों बेड पर आ गए और साथ में नंगे ही सो गए। उस दिन मैं, चाची और मामी नंगे ही एक ही बेड पर सो गए। अगले दिन जब मैं उठा तो देखा कि चाची मेरे साथ की नंगी सोई हुई थीं और मामी बेड पर नहीं थी।
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मैं सोचने लगा कि मामी कहाँ गई होंगी। फिर सोचा कि घर गई होंगी, उनका घर भी तो पास में ही है। अब मेरा मन सेक्स करने का हो रहा था पर चाची सो रही थीं। मैंने उन्हें उठाया नहीं और बेड पर बैठ गया। अचानक मैंने कुछ आवाज सुनी। मैं उठा और बाथरूम में गया तो देखा कि मामी वहाँ बिल्कुल नंगी खड़ी थीं और अपनी चूत में उँगली दे रही थीं।
मैं अंदर गया और मामी की चूत पर हाथ फेरने लगा। मैं भी नंगा ही था। मामी ने मेरा लंड पकड़ लिया और उसे हिलाने लगीं। फिर मैं मामी के बूब्स चूसने लगा। थोड़ी देर बाद मैंने मामी की चूत में अपना लंड घुसा दिया और झटके मारने लगा।
मामी बोलीं, “यहाँ मजा नहीं आ रहा, चल बेड पर चलते हैं।”
मैंने कहा, “नहीं मामी वहाँ बेड पर चाची सो रही हैं।”
वो बोलीं, “अरे वो तो हमेशा ही चुदने के लिए तैयार रहती हैं। चल चलते हैं।”
मैं और मामी बेड पर चले गए। वहाँ जाकर मामी बेड पर लेट गईं और बोलीं, “चल मुझे चोद।” इतने में चाची भी उठ गईं और बोलने लगीं, “मैं भी चुदूँगी, अच्छा पूनम अकेले-अकेले चुदना चाहती है।” अब मुझसे कंट्रोल नहीं हो रहा था। मैं बेड पर गया और चाची को भी लिटा दिया और फिर मैंने पहले मामी के बूब्स चूसे। इतनी देर चाची की हालत खराब हो रही थी।
फिर मैंने चाची के बूब्स चूसे। कई देर दोनों को चोदने के बाद मैंने कहा, “बस मैं भी इंसान हूँ, पहले हम लोग कुछ खाएँगे, फिर सेक्स करेंगे।” चाची बोलीं, “नहीं पहले हम नहाएँगे।” मैंने कहा, “ठीक है।” फिर मामी बोलीं, “साथ।” मैंने कहा, “ठीक है।”
फिर हम तीनों बाथरूम में चले गए और शावर ऑन कर दिया। चाची मुझसे चिपक गईं। मामी चाची के हिप्स पर थप्पड़ मारने लगीं। चाची घूमीं और मामी के बूब्स दबाने लगीं और बोलीं, “साली कमीनी तू बिना चुदे मानेगी नहीं।” मामी बोलीं, “तू तो जैसे मानेगी ही ना।”
मैं दोनों की बातें सुन-सुनकर हैरान हो रहा था। चाची ने मेरा लंड पकड़ लिया और उसे घुटनों के बल बैठकर चूसने लगी। मैंने मामी के बूब्स चूसने चालू कर दिए। चाची ने अपने दोनों बूब्स को एक साथ हाथ में रखा और मेरा लंड लेकर अपने दोनों बूब्स के बीच में रखकर आगे-पीछे होने लगीं।
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मामी बोलीं, “अनिता ये क्या कर रही है।”
चाची बोलीं, “पूनम कर के देख, बड़ा मजा आता है।”
फिर चाची ने खड़े होकर मामी को झुका दिया और मेरा लंड पकड़ के मामी के बूब्स के बीच में डालने लगीं और बोलीं, “चल पूनम अब शुरू हो जा।” मामी आगे-पीछे होने लगीं। थोड़ी देर बाद मैं बोला, “मेरा पानी निकलने वाला है।” चाची बोलीं, “आह्ह्हा!! मुझे तेरा पानी पीना है, चल पूनम हट यहाँ से।”
मामी बोलीं, “क्यों हटूँ, मुझे भी पानी पीना है, साली रंडी।”
चाची बोलीं, “साली, मुझे रंडी बोलती है..”
मैं बोला, “प्लीज आप लड़ो मत, मेरा पानी निकल जाएगा..”
फिर चाची ने अपने हाथ में मेरा सारा पानी लिया और उसे चाटने लगीं और फिर मामी भी चाटने लगीं। फिर मामी ने मेरा लंड मुँह में ले लिया और उसे चूसने लगीं। मैं बोला, “हम यहाँ नहाने आए थे ना और फिर सेक्स शुरू कर दिया।” फिर हम तीनों बाथरूम से बाहर आ गए। चाची और मामी ब्रेकफास्ट बनाने जाने लगीं। ये कहानी आप हमारी वासना डॉट नेट पर पढ़ रहे है.
मैंने कहा, “आप अपने कपड़े तो पहन लो।”
मामी बोलीं, “नहीं-नहीं, अभी फिर उतारने पड़ेंगे ना तो फिर पहनने की क्या जरूरत है।”
चाची बोलीं, “देख मैं अंदर बाथरूम में ठीक बोल रही थी ना कि ये रंडी है।”
मैंने कहा, “चाची और मामी, आप दोनों ही रंडी हो।”
चाची और मामी अंदर किचन में चली गईं। थोड़ी देर बाद हम तीनों खाना खाने लगे। चाची खाते-खाते मामी के निप्पल को खींचने लगीं तो मामी ने दही उठाकर चाची के बूब्स पर डाल दिया। चाची बोलीं, “ये क्या किया तूने।” मामी बोलीं, “साली तूने मेरे निप्पल खींचे तो मैं कुछ बोली क्या।”
अब ये देख-देखकर मेरा लंड फिर खड़ा हो चुका था। मैं अपनी जगह से उठा और चाची के पास लेट गया और उनके बूब्स चाटने लगा। मामी मेरा लंड पकड़कर हिलाने लगी। मैं चाची के निप्पल को अपनी जीभ से सहलाने लगा। चाची चिल्लाने लगीं, “आआह्ह!! जोर से चूस ना!!”
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मामी मेरा लंड पकड़कर मुँह में लेने लगीं। फिर हम तीनों बेडरूम में चले गए और बेड पर जाकर तीनों लेट गए। मैं बोला, “चाची आपको याद है ना कल दिन में जब आप मुझे यहाँ बेडरूम में लेकर आई थीं, तब आप जिस स्टाइल में चुद रही थीं, मैं वैसे ही आप दोनों को चोदना चाहता हूँ।”
मामी बोलीं, “अच्छा हाँ जब तू इसे चोद रहा था और मैं आ गई थी।”
मैं बोला, “हाँ वैसे ही।”
चाची बोलीं, “चल बेड पर सीधा लेट जा।”
मैं लेट गया और चाची मेरे लंड पर बैठ गईं और कूदने लगीं। जब चाची तेज-तेज कूदती थीं तब चाची के मोटे-मोटे बूब्स और जोर-जोर से हिलते थे। थोड़ी देर बाद चाची मेरे लंड से उतर गईं और मामी बोलीं, “अब मेरी बारी।” फिर मामी मेरे लंड पर चढ़ गईं और कूदने लगीं। थोड़ी देर बाद मेरा पानी मामी की चूत में ही निकल गया। अब मैं ठंडा हो गया था लेकिन चाची और मामी की आग अभी भी बुझी नहीं थी।
चाची बोलीं, “चल हमें चोद, अभी तो मजा ही नहीं आया।”
मामी बोलीं, “अभी तो मजा आना शुरू हुआ था।”
मैं बोला, “अभी थोड़ी देर तक तो मेरे बस की नहीं है, उसके बाद कुछ सोचूँगा।”
फिर मेरे दिमाग में एक ख्याल आया कि क्यों न चाची और मामी को लेस्बियन सेक्स करते हुए देखूँ। फिर मैं बोला, “चाची और मामी, आप दोनों लेस्बियन सेक्स कर लो उतनी देर।” वो राजी हो गईं। मैं सोफे पर बैठ गया। चाची ने मामी को बेड पर धक्का दिया.
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और बोलीं, “चल आज तेरे को असली सेक्स दिखाती हूँ।” और मामी के ऊपर कूद गईं। चाची और मामी एक-दूसरे को बुरी तरह स्मूच करने लगीं और फिर मामी चाची की चूत में उँगली डालने लगीं। चाची मामी के बूब्स दबाने लगीं और बोलीं, “वाह पूनम! कितने मोटे बूब्स हैं तेरे.. साली रोज चुदती है क्या..” मामी बोलीं, “चल रंडी, मेरे चोद अपने देख इतने मोटे-मोटे बूब्स हैं कि क्या बताऊँ।” चाची ने फिर मामी को ऊपर उठाया और उनकी चूत चाटने लगीं। थोड़ी देर बाद फिर मामी ने चाची की चूत चाटी।
मुझे अचानक याद आया कि 3 दिन बाद मेरा एग्जाम है और मुझे अभी कुछ नहीं आता है। मैं वहाँ से उठकर जाने लगा तो मामी बोलीं, “कहाँ जा रहा है?” मैं बोला, “3 दिन बाद मेरा एग्जाम है, मुझे पढ़ना है।” चाची बोलीं, “अबे पढ़ाई तो होती रहेगी, अभी तूने हम दोनों को चोदना है..” मैं वहाँ से उठा और अपने रूम में चला गया। थोड़ी देर बाद चाची और मामी दोनों मेरे रूम में आईं और फिर मुझे भी सेक्स चढ़ गया और मैंने फिर दोनों को चोदा।
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