Bhabhi Gangbang Chudai Kahani
मेरा नाम विधि है। मैं 24 साल की हूँ। मेरी शादी को अभी 1 साल ही हुआ है, और मैं एकदम सेक्सी रहती हूँ। मेरा रंग एकदम फेयर है और मैं 5’5” की हूँ। मेरे बूब्स 34” के हैं और कमर एकदम पतली 28”, और गांड एकदम 36” मोटी है। मेरे बूब्स के निप्पल का रंग ब्राउन है, और चूत पर हमेशा थोड़े से बाल रखती हूँ। Bhabhi Gangbang Chudai Kahani
थोड़े दिन बाद मेरा पति किसी काम से बाहर चला गया तो मुझे चुदवाने की तड़प होने लगी। तो मेरी नज़र मेरे छोटे देवर बंटी पर गई। वो 22 साल का था और बहुत ही हट्टा-कट्टा था। वो हमेशा जींस पहनता था जिसमें से उसकी जिप के पास हमेशा तंबू तना रहता था। मैं अपने अंदाज़े से उसका लंड 10” का समझती थी।
उसे देखकर मेरी चूत में पानी भरने लगता था। फिर मैं उससे हमेशा हँसी-मज़ाक करती रहती थी। मैं अक्सर उसके पास खड़ी हो जाती थी और मेरे बूब्स उसकी पीठ को टच होने लगते थे। मैं हमेशा उसके सामने झुककर पोछा लगाने लगी ताकि वो मेरे बूब्स देख सके। तो वो हमेशा मेरे बूब्स देखता रहता था। तभी एक दिन जब मैं खाना बना रही थी तो वो मेरे पीछे आकर खड़ा हो गया तो उसका लंड मेरी गांड को टच होने लगा।
और वो पूछने लगा, “भाभी किसकी सब्ज़ी बनी है।”
मैं- (तो मैं थोड़ी पीछे हटी तो उसका लंड और मेरी गांड की कच में टच होने लगा) बैंगन की।
बंटी- मुझे बैंगन पसंद नहीं है।
मैं- मुझे तो बहुत पसंद है लंबा वाला बैंगन।
तो वो समझ गया कि मैं लंड के लिए कह रही हूँ।
बंटी- विधि भाभी आपको कौन सा फ्रूट पसंद है।
मैं- मुझे तो केला बहुत पसंद है। मुझे केला चूसना… ओह मेरा मतलब खाना पसंद है। और तुम्हें?
बंटी- मुझे तो मोटे-2 आम पसंद हैं। मैं आम को दबा-दबाकर सारा रस चूस लेता हूँ।
इसे भी पढ़े – चटपटी चूत चोदी सेक्सी चाची की
फिर हम ऐसे बातें करने लगे। फिर अगले दिन मैं और वो बातें कर रहे थे तो वो जानबूझकर मुझसे सेक्सी बातें करने लगा।
बंटी- भाभी आप कॉलेज में सबसे सेक्सी लड़की थीं क्या?
मैं- हाँ सब लड़के मेरे पीछे लाइन मारते थे।
बंटी- क्या करें आप हैं ही ऐसी।
फिर थोड़ी देर बाद वो बोला।
बंटी- विधि भाभी मेरी एक ख्वाहिश है क्या आप उसे पूरी करोगी?
मैं- हाँ हाँ बोलो।
बंटी- मैं आपके बूब्स पर हाथ फेरना चाहता हूँ।
मैं मन ही मन बहुत खुश हुई पर फिर उनसे कहा ये कैसे हो सकता है। तो वो उदास हो गया तो मैं उससे बोली ओके पर सिर्फ़ एक बार। तो बंटी ने मुझे बाँहों में भर लिया और बोला ओह भाभी आई लव यू। फिर उसने मेरी साड़ी का पल्लू गिरा दिया तो मेरे ब्लाउज़ में मेरी चूचियाँ उसके सामने आ गईं। ये कहानी आप हमारी वासना डॉट नेट पर पढ़ रहे है.
तो बंटी ने अपना हाथ मेरे बूब्स पर रखा और फिर दबाने लगा और उन्हें मसलने लगा। मन तो कर रहा था कि अभी अपना ब्लाउज़ खोलकर उससे अपनी चूची चुसवा लूँ पर फिर तभी कोई आ गया और हम बाहर आ गए। फिर एक-दो दिन बाद मैं अपने रूम में दोपहर को बैठी थी तो बंटी मेरे रूम में आया और मुझे पीछे से पकड़ लिया तो उसका लंड मेरी गांड को टच होने लगा, और वो मेरे बूब्स को दबाने लगा।
बंटी- विधि भाभी, मुझे आपके बूब्स दिखाओ ना।
मैं- चुदवाने के लिए थोड़ी कोशिश की। और बोली पहले मुझे चोद दो।
बंटी- पहले वादा करो कि मुझे अपना बूब्स दिखाओगी।
मैं- ओके दिखा दूँगी।
तो उसने मुझे छोड़ दिया। फिर मैंने अपना ब्लाउज़ और ब्रा दोनों ऊपर की और उन्हें अपना बूब्स दिखा दिया।
बंटी- भाभी आपके बूब्स बहुत ही सेक्सी हैं।
फिर वो मेरे बूब्स पकड़ने के लिए आया तो मैं ब्लाउज़ नीचे करके बाहर भाग गई। फिर एक दिन मैं उनके रूम की सफ़ाई करने गई और मैं एक बड़ी स्टूल पर चढ़कर ऊपर की खिड़कियाँ साफ़ कर रही थी तो बंटी मेरे नीचे आ गया और मेरी साड़ी में हाथ डालकर मेरी पैंटी नीचे कर दी और मेरी चूत पर हाथ फेर दिया। ये इतनी जल्दी हुई कि मुझे कुछ समझ में नहीं आया।
बंटी- थैंक्स भाभी आज मेरी आपकी चूत देखने की इच्छा भी पूरी हो गई।
मैं- तो मैं अपनी पैंटी को संभालती हुई बोली, बेशर्म कहीं का मेरी चूत भी देख ले।
बंटी- क्या करूँ आपकी चूत देखने का बहुत मन था ना।
मैं- देखकर क्या करोगे?
बंटी- मुठ मारूँगा, सोच-सोचकर।
मैं- बेशर्म अपनी भाभी से ऐसी बातें करता है।
बंटी- आप जैसी चकनी और ख़ूबसूरत भाभी हो तो करनी ही पड़ती है।
इसे भी पढ़े – मोना आंटी की चूत शहद लगा कर चाटी
और मैं चली गई। एक बार मुझे अपनी लिए साड़ी ख़रीदनी जाना था तो मैंने बंटी को कहा कि मेरी एक शर्त है।
मैं- क्या?
बंटी- मैं आपको 3 जगह किस करना चाहता हूँ।
तो मैं शरमा गई।
मैं- कहाँ पर गाल पर?
बंटी- नहीं।
मैं- तो कहाँ पर?
बंटी- पहला किस मैं आपके इन नाज़ुक होठों पर करूँगा।
मैं- दूसरा।
फिर उसने अपना हाथ मेरे बूब्स पर रख दिया।
बंटी- आपके इन नाज़ुक और गोल-गोल चूचियों पर।
मैं- और तीसरा।
फिर उसने अपना हाथ मेरी साड़ी पर से चूत पर फेर दिया।
बंटी- मेरी प्यारी भाभी की चकनी चूत पर।
मैं- हट बदमाश, बेशर्म, मेरी चूत की चुदाई दे।
बंटी- क्या चोद दूँ? आप कहेंगी तो चोद भी दूँगा।
मैं- चोदो नहीं छोड़ो। फिर उसने मुझे छोड़ दिया।
बंटी- तो क्या आप किस देंगी?
मैं- देखती हूँ।
फिर पहले मेरे साथ चलो।
बंटी- ठीक है पर आपकी स्कूटी पर चलूँगा।
मैं- ठीक है।
फिर मैं तैयार हो गई और बंटी के साथ स्कूटी पर बैठ गई। तो जब भी वो ब्रेक मारता तो मेरे बूब्स उसे टच हो जाता। पहले तो मैं शरमाती। पर मैंने सोचा कि बंटी तो मेरी चूत तक देख चुका है तो बूब्स टच होने से क्या होता है तो मैं पूरी तरह से उससे चिपक कर बैठ गई तो मेरे बूब्स उसकी पीठ पर दब गए। फिर हम एक गारमेंट के शोरूम पर रुके तो बंटी बोला- भाभी आज तो मज़ा आ गया। ये कहानी आप हमारी वासना डॉट नेट पर पढ़ रहे है.
इसे भी पढ़े – आंटी चुदवाते टाइम मुतने लगी
मैं- कैसे?
बंटी- आपके बूब्स मेरी पीठ को जो दब गए।
मैं- हट बदमाश।
फिर हम अंदर चले गए। अंदर जाते ही हमें एक सेल्स गर्ल मिली जिससे भाभी ने ब्रा-पैंटी का सेट दिखाने को कहा। फिर उसने मुझे देखा और मुस्कुरा दी। फिर वो हमें सेट दिखाने लगी। फिर उसमें से २ सेक्सी से नेट का सेट ले लिया और हम वापस चले गए। वापस जाते समय मैं स्कूटी चलाने लगी और बंटी पीछे बैठा था। फिर वो मुझसे बात करने लगा।
बंटी- भाभी आप इन ब्रा-पैंटी में एकदम अप्सरा लगोगी।
मैं- सो तो है।
बंटी- पर आपकी चूत और बूब्स इसमें से साफ़ दिखेंगे।
मैं- तुम्हारे लिए तो अच्छा है।
बंटी- सो तो है पर मैं तो आपका वैसे ही देख लेता हूँ।
ये कहकर बंटी ने मेरे ब्लाउज़ पर से बूब्स दबा दिए। तो मैं स्कूटी चलाती हुई बोली।
मैं- तुम नहीं मानोगे।
बंटी- विधि भाभी एक बार मुझसे चुदवा लो फिर मान जाऊँगा।
फिर बंटी ने मेरे ब्लाउज़ में हाथ डाल दिया तो मेरे बूब्स उसके हाथ में आ गए।
मैं- अच्छा अब मुझे चोदना चाहते हो क्या चोदोगे?
बंटी- मेरी प्यारी विधि की चूत और गांड।
फिर ये कहकर उसने मेरी साड़ी में हाथ डालकर चूत पर हाथ फेर दिया।
मैं- ओह बंटी हाथ बाहर निकालो कोई देख लेगा।
बंटी- नहीं पहले बोलो कि मुझसे चुदवाओगी।
मैं- ऐसा कैसे बोल दूँ।
फिर बंटी ने अपनी उंगली मेरी चूत में डाल दी। तो मेरी हालत ख़राब हो गई।
बंटी- देख लो हाँ कर दो नहीं तो घर तक ऐसे ही करता रहूँगा।
मैं- ठीक है चोद लेना। पर अभी तो छोड़ो कोई देख लेगा।
बंटी- तो चलो।
मैं- कहाँ?
बंटी- मैं अभी आपको चोदना चाहता हूँ।
मैं- पर कहाँ पर चोदोगे?
बंटी- मेरा दोस्त यहाँ पास में ही किराए पर रहता है, मैं बहुत बार कई रंडियों को यहाँ लाकर चोद चुका हूँ।
मैं- पर तुम्हारा दोस्त वहाँ पर होगा।
बंटी- कोई बात नहीं मैं उसे समझा दूँगा।
मैं- ठीक है चलो।
फिर हम उसके रूम पर गए। उसका रूम सिटी के बाहर था कोई वहाँ आता-जाता नहीं था। फिर हम रूम के अंदर गए तो उसका दोस्त अंदर सो रहा था। फिर वो मुझे देखकर बोला।
इसे भी पढ़े – फूफा चाची को अपना लंड चूसा रहे थे
रॉकी- बंटी आज तो बहुत ही चिकना माल लाया है।
बंटी- हाँ यार बहुत ही सेटिंग से मिली है।
फिर वो दोनों अंदर किचन में गए और बात करने लगे, तो मैं पास जाकर बात सुनने लगी।
रॉकी- यार मेरा भी काम करा दे ना।
बंटी- यार केवल एक बार ही कराएगी, इस शर्त पर ही आई है।
रॉकी- कुछ कर ना यार पहले मैं चोद लूँ फिर पूछता हूँ।
बंटी- ओके फिर चोद ले मैं थोड़ी देर बाहर जाकर आता हूँ।
फिर वो बाहर आ गया। फिर वो चला गया और मैं और बंटी रह गए। उसके जाते ही बंटी ने मेरे होठों पर किस किया और फिर किस करते हुए मेरे होठों को चूमने लगा।
बंटी- विधि भाभी आज मेरी ख्वाहिश पूरी हो गई है।
फिर बंटी ने मेरी ब्लाउज़ को खोल दिया और मेरी ब्रा पर से मेरी चूची को दबाने लगा। मेरे बूब्स एकदम क्रॉक थे और उसके मसलने से और फूल गए थे। फिर उसने किचक से मेरी ब्रा फाड़ दी और मेरे निप्पल को मुँह में लेकर चूसने लगा तो मैं उसका सिर पकड़कर बूब्स पर दबाने लगी। फिर उसने मुझे पूरा नंगा कर दिया और मुझे देखने लगा और बोला। ये कहानी आप हमारी वासना डॉट नेट पर पढ़ रहे है.
बंटी- स्वीट हार्ट तुम तो मेरी सोच से भी ज़्यादा सेक्सी हो।
मैं- अच्छा अब मैं भाभी से स्वीट हार्ट हो गई।
बंटी- अभी तो देखो क्या होता है।
फिर उसने मेरी दोनों टाँगें चौड़ी कर दीं तो मेरी चूत उसके सामने कुल के आ गई। मेरी चूत ज़्यादा चौड़ी नहीं थी क्योंकि मेरी शादी को एक साल ही हुआ था। तो वो मेरी चूत में एक उंगली डालकर अंदर-बाहर करने लगा।
बंटी- ओह भाभी क्या चूत है तेरी एकदम टाइट आज मैं इसे चोदकर चौड़ा कर दूँगा।
मैं- तभी तो तुम्हारे साथ आई हूँ।
फिर बंटी ने मेरी चूत को थोड़ा फैलाया और उस पर किस करने लगा और चाटने लगा। अभी तक किसी ने मेरी चूत नहीं चाटी थी जब उसने मेरी चूत चाटी तो मेरे मुँह से सिसकी निकलने लगी। मेरा देवर मेरी चूत को चाट रहा था और मैं उसका साथ दे रही थी क्या सीन था। फिर बंटी ने अपना लंड निकालकर मेरे होठों पर फेरने लगा।
इसे भी पढ़े – गाँव के प्रधान ने इज्जत लुट ली मेरी
बंटी- विधि डार्लिंग अपना देवर का लंड को चूसोगी नहीं?
मैं- क्यों नहीं.
तो मैं बंटी का लंड को हाथ में लेकर चाटने लगी। और मुँह में लेकर चूसने लगी। बंटी का लंड बहुत बड़ा और मोटा था उसे देखकर मैं उसे चूत में घुसाने की कल्पना की तो मैं खुश हो गई। तो मैं उसे ज़ोर-ज़ोर से चाटने लगी। तो बंटी ने मेरे बाल पकड़कर मेरे मुँह में धकेलने लगा।
उसका मोटा लंड मेरे गले की गहराई जाने लगा था तो वो बोला ओह भाभी चूसो मेरे लंड को और ज़ोर से, कहने लगा और मेरे मुँह को चोदने लगा। फिर बंटी ने मेरे दोनों पैरों को अपने कंधे पर रख दिया और अपना मोटा लौड़ा मेरी चूत में डालकर एक धक्का दिया तो उसका लंड का सुपारा मेरी चूत में घुस गया तो मेरे मुँह से चीख निकलने लगी।
फिर दूसरा धक्का में उसने अपना आधा लौड़ा मेरी चूत में डाल दिया फिर आख़िरी धक्का में पूरा लंड मेरी चूत में घुस गया। मुझे ऐसा लग रहा था कि मैं पहली बार चुद रही हूँ। फिर थोड़ी देर रुकने के बाद वो मुझे पूरी ज़ोर से चोदने लगा। उसका लौड़ा मेरी यानी अपनी भाभी की चूत में तेज़ी से अंदर-बाहर जा रहा था।
बंटी- ओह विधि भाभी कैसा लग रहा है अपना देवर का लंड अपनी चूत में लेकर?
मैं- ओह बंटी मेरा राजा बहुत मज़ा आ रहा है चोदो मेरी चूत को। फाड़ दो इसे मुझे अपनी रांड समझकर चोदो।
तो उसका लंड मेरी चूत में ऐसे फिट हो गया था जैसे इसके लिए ही बना हो। फिर उसने मुझे घोड़ी बना दिया और पीछे से अपना लंड मेरी चूत में डालने लगा तो पूरा रूम हमारी चुदाई की आवाज़ से गूँज उठा। फिर बहुत देर चोदने के बाद बंटी ने मेरी चूत को अपना वीर्य से भर दिया और मैं भी शांत हो गई। ये कहानी आप हमारी वासना डॉट नेट पर पढ़ रहे है.
फिर हम दोनों ने कपड़े पहने और बाहर आ गए। फिर रॉकी ने मुझसे कहा कि मुझे चोद लो तो मैंने मना कर दिया क्योंकि बंटी ने मेरी चूत की बुरी हालत कर दी थी, और मेरी टाँगें भी दुख रही थीं। फिर हम घर आ गए। थोड़े दिन बाद बंटी ने मुझे एक बात बोली जिससे मेरे होश उड़ गए। उसने बताया कि उसका दोस्त रॉकी ने हम दोनों की चुदाई की फ़ोटो खींच ली है और मूवी बना ली है और वो जान गया है कि मैं और बंटी देवर-भाभी हैं।
मैं- वो क्या चाहता है?
बंटी- वो आपको चोदना चाहता है।
मैं- तो फिर क्या करें?
बंटी- हमारे पास कोई रास्ता नहीं है आपको उसके साथ करना ही पड़ेगा।
मैं- ठीक है उससे कह दो कि मैं कल रात को उसके पास आ जाऊँगी।
फिर वो चला गया। फिर अगली रात को सबके सोने के बाद रात को 12 बजे बंटी मुझे रॉकी के रूम पर ले गया। जब उसने रूम खोला तो वो मुझे अंदर ले लिया और बंटी को बाहर ही रहने को कहा। फिर मैं अंदर चली गई। अंदर बहुत अंधेरा था, पूरा रूम नज़र नहीं आ रहा था।
फिर रॉकी ने मेरा हाथ पकड़कर रूम में अंदर ले गया और बोला- साली रांड बड़ी सती-सावित्री बनती है अपना देवर से चुदवाती है और मुझे मना करती है। फिर उसने मुझे ज़ोर से झापड़ मारा और मेरे होठों से आआआह्ह्ह्ह्ह निकल गए। फिर उसने मेरी दोनों चूचियों के बीच से पकड़कर ज़ोर से झटका दिया तो मेरी ब्रा के 2 टुकड़े हो गए, तो मेरे बूब्स उसके सामने नंगे हो गए। फिर रॉकी मेरे बूब्स को ज़ोर-ज़ोर से मसलने लगा।
इसे भी पढ़े – भाई को चॉकलेट नहीं चूत चाहिए थी
मैं- ओह ओह्ह्ह्ह्ह्ह थोड़ा धीरे मसलो।
रॉकी- साली रांड जब बंटी से चुदवा रही थी तब दर्द नहीं हुआ। आज मैं तुझे ऐसे चोदूँगा कि सारी उम्र मेरी रांड बनकर रहेगी।
फिर वो मेरे निप्पल को मुँह में लेकर चूसने लगा। फिर रॉकी ने मेरी पेटीकोट का नाड़ा एक झटके में तोड़ दिया तो वो ज़मीन पर गिर पड़ा। फिर उसने मुझे बेड पर गिरा दिया और मेरे हाथों को मेरी साड़ी से बाँध दिया। अब मैं किसी को रोकने की स्थिति में नहीं थी। फिर उसने लाइट जला दी। तो रोशनी हुई तो सोफ़े पर एक लड़का बैठा था।
रॉकी- ये मेरा दोस्त विक्रम, आज हम दोनों तेरी इज़्ज़त को लूटेंगे।
फिर विक्रम मेरे बदन पर हाथ फेरने लगा। फिर मेरे बालों को पकड़कर अपना होठ मेरे होठ पर रख दिया और किस करने लगा। रॉकी मेरी चूत पर हाथ फेर रहा था। फिर उसने मेरी पैंटी बदन से अलग कर दी और एक झटके में अपनी 2 उंगलियाँ मेरी चूत में डाल दी तो मैं आह आह्ह्ह्ह कर दी।
विक्रम- अभी से घबरा गई रानी अभी तो सारी रात 2 लोग तेरी चूत को चोदेंगे।
फिर उन दोनों ने अपना लंड बाहर निकाला। उन दोनों का लंड 12-12 इंच का था और बहुत ही मोटा था। मेरी चूत बहुत ही छोटी थी उनको देखकर मैं रॉकी से बोली।
मैं- प्लीज़ मुझे छोड़ दो।
रॉकी- हमने तुम्हें थोड़ी पकड़ा था चाहो जा सकती हो और मैं तुम्हारी फ़ोटो को सब किताबों में छपवा दूँगा।
उसकी बात सुनकर मैंने विरोध छोड़ दिया। फिर रॉकी ने अपना लंड मेरे मुँह में डाल दिया और विक्रम भी मुझे अपना लंड चटवाने लगा। फिर रॉकी चल विधि बेड पर ले जा फिर उसने मुझे बेड पर लिटाकर अपना पूरा लंड मेरे मुँह में डालकर अंदर-बाहर करने लगा। तभी विक्रम एक कैमरा लेकर मेरी फ़ोटो खींचने लगा।
रॉकी- साली की फ़ोटो खींच हर तरफ़ से खींचना।
फिर रॉकी मेरे मुँह को चोदने लगा उसका लंड मेरे पूरे गले तक घुस रहा था। तो विक्रम मेरी फ़ोटो खींचने लगा। फिर विक्रम ने मेरी जाँघें चौड़ी कर दीं और अपना लौड़ा मेरी चूत में डालने की कोशिश करने लगा। फिर उसने मेरी चूत के लिप्स को चौड़ा करके ज़ोर से धक्का दिया तो उसका पूरा लंड धरती फाड़कर मेरी चूत की गहराई में घुस गया। ये कहानी आप हमारी वासना डॉट नेट पर पढ़ रहे है.
उसका लौड़ा मेरे पेट तक घुस गया था तो मेरी जान निकलने लगी थी। फिर वो मुझे चोदने लगा तो रॉकी ने मेरी चुदाई की फ़ोटो खींचने लगा। तो रॉकी ने अपना लंड मेरे मुँह में डाल दिया और बोला चल साली चाट तो मैं उसे चाटने लगी। मैं पहली बार किसी दो मर्दों से एक साथ चुद रही थी तो मुझे मज़ा आने लगा तो मैं विक्रम से चुदवाने पर आह्ह्ह आह्ह्ह चोदोओ औरर्र चोदोओ करने लगी और मज़ा लेने लगी।
विक्रम- आह आज तो चूत चोदकर मज़ा आ गया। एकदम क्रॉक है साली।
फिर बहुत देर चोदने के बाद विक्रम का लंड से वीर्य निकलकर मेरी चूत में समा गया तो मैं भी शांत हो गई पर फिर रॉकी ने मेरी चूत पर लंड रख दिया और एक झटके में ही पूरा लौड़ा मेरी चूत में डाल दिया तो मैं बोली- ओह रॉक थोड़ी देर रुक मेरी चूत में दर्द हो रहा है।
रॉकी- रांड विधि अभी तो तेरा पूरा बदन में दर्द होगा जब हम तुझे पूरी रात चोदेंगे।
फिर विक्रम ने रॉकी से चुदवाते हुए मेरी बहुत सारी फ़ोटो लीं। रॉकी अपना लौड़ा मेरी चूत में अंदर-बाहर कर रहा था तो मुझे फिर से जोश आ गया और मैं अपनी चूत उठा-उठाकर चुभाने लगी। फिर विक्रम ने अपना लौड़ा मेरे मुँह में डालकर बोला चूस इसे और खड़ा कर।
जब मैं उसका लंड चूसने लगी तो वो थोड़ी देर में वापस खड़ा हो गया। फिर विक्रम बेड पर लेट गया और मुझे अपने लंड पर बैठने को कहा। तो मैं अपनी दोनों टाँगें चौड़ी करके उसके लंड पर उसकी तरफ़ मुँह करके बैठ गई तो उसका पूरा लौड़ा मेरी चूत में घुस गया.
तो विक्रम के लंड पर मैं ऊपर-नीचे होने लगी तो मेरे बूब्स हिलने लगे तो विक्रम ने मुझे अपने ऊपर झुकाकर चपाक से मेरे होठों पर किस करने लगा। तो उसका लंड मेरी चूत की जड़ तक घुस गया और मेरी गांड ऊपर हो गई। तभी रॉकी ने अपना लंड मेरी गांड में डाल दिया तो मैं घबरा गई।
इसे भी पढ़े – माँ और ताऊ जी की चुदाई का आँखों देखा हाल
मैं- ओह रॉकी क्या कर रहे हो।
रॉकी- कुछ नहीं जान तुम्हें जन्नत की सैर कराता हूँ।
फिर वो दोनों मुझे दोनों ओर से चोदने लगे तो मैं सातवें आसमान पर पहुँच गई। उन दोनों का मोटा-2 लौड़ा मेरी चूत और गांड में अंदर-बाहर जा रहा था तो मेरी चीखें निकलने लगी। वो दोनों मुझे एक रांड की तरह चोद रहे थे। फिर वो मुझे 1/2 घंटा तक चोदते रहे तो मुझे मज़ा आने लगा और उन दोनों का साथ देने लगी।
फिर उन दोनों ने अपना लौड़ा बाहर निकाल दिया और मुझे चाटने को कहा तो मैं उन दोनों का लंड चाटने लगी तो उसमें से वीर्य निकलकर मेरे मुँह में भर गया तो मैं उन दोनों का वीर्य पूरा पी गई और चाट-चाटकर लंड को साफ़ कर दिया। फिर हम तीनों थोड़ी देर रेस्ट करने लगे। फिर दिन होने वाला था बंटी मुझे लेने आ गया था पर उन दोनों ने मेरा सारा कपड़ा फाड़ दिया था तो मैं केवल साड़ी लपेटकर ही घर आ गई। अंधेरा होने के कारण किसी को पता नहीं चला।
प्रातिक्रिया दे